Why To Drink Green Tea

इसे ताजा पिएं: फ्रेश तैयार हरी चाय शरीर के लिए अच्छी और स्‍वस्‍थ्‍य वर्धक होती है। आप इसे या तो गर्म या ठंडा कर के पी सकते हैं, लेकिन इस बात का यकीन हो कि चाय एक घंटे से अधिक समय की पुरानी ना हो।

ज्‍यादा खौलती गर्म चाय गले के कैंसर को न्‍यौता दे सकती है, तो बेहद गर्म चाय भी ना पिएं। यदि आप चाय को लंबे समय के लिए स्‍टोर कर के रखेंगे तो, यह अपने विटामिन और एंटी-ऑक्‍सीडेंट खो देगी। इसके अलावा, इसमें मौजूद जीवाणुरोधी गुण भी समय के साथ कम हो जाते हैं।

वास्तव में, अगर चाय ज्‍यादा देर के लिये रखी रही तो यह बैक्टीरिया को शरण देना शुरू कर देगी। इसलिये हमेशा ताजी ग्रीन टी ही पिएं। भोजन से 1 घंटा पहले पिएं: ग्रीन टी को भोजन से एक घंटा पहले पीने से वजन कम होता है। इसे पीने से भूख देर से लगती है क्‍योंकि यह हमारी भूख को कंट्रोल करती है।

ग्रीन टी को सुबह-सुबह खाली पेट बिल्‍कुल भी नहीं पीनी चाहिये।

दवाई के साथ ना लें: दवाई और ग्रीन टी का साइड इफेक्‍ट हटाने के लिये इन दोंनो चीजों को कभी भी एक साथ ना लें। दवाई को हमेशा पानी के साथ ही लेना चाहिये।

ज्‍यादा स्ट्रॉंग ना हो: ज्‍यादा स्‍ट्रॉग ग्रीन टी में कैफीन और पोलीफिनॉल की मात्रा बहुत ज्‍यादा होती है। ग्रीन टी में इन सब सामग्री से शरीर पर खराब प्रभाव पड़ता है। तेज और कड़वी ग्रीन टी पीने से पेट की खराबी, अनिद्रा और चक्‍कर आने जैसी समस्‍या पैदा हो सकती है।

केवल 2-3 कप: पहले भी बोला जा चुका है कि अत्‍यधिक चाय नुक्‍सानदायक हो सकती है। इसी तरह से अगर आप रोजाना 2-3 कप से ज्‍यादा ग्रीन टी पिएंगे तो यह नुक्‍सान करेगी। क्‍योंकि इसमें कैफीन होती है इसलिये तीन कप से ज्‍यादा चाय ना पिएं।

Refrences

http://hindi.boldsky.com/health/wellness/2012/green-tea-has-side-effects-too-001942.html